पूर्वी लद्दाख में विवाद हल करने का प्रयास : जयशंकर

Last Updated 08 Aug 2023 11:13:19 AM IST

विदेश मंत्री एस जयशंकर (S.Jaishankar) ने सोमवार को कहा कि भारत और चीन ने पिछले तीन वर्ष में पूर्वी लद्दाख में वास्तविक नियंत्रण रेखा पर टकराव वाले पांच-छह बिन्दुओं पर वार्ता के जरिए प्रगति की है तथा बाकी के मुद्दों को हल करने का प्रयास किया जा रहा है।


विदेश मंत्री एस जयशंकर

विपक्ष द्वारा सीमा विवाद पर सरकार की आलोचना को खारिज करते हुए उन्होंने पत्रकारों के एक समूह से कहा कि कुछ जटिलाएं हैं और दोनों पक्ष समाधान तलाशने पर काम कर रहे हैं।
भारत और चीन के बीच पूर्वी लद्दाख में टकराव वाले कुछ बिन्दुओं पर तीन साल से अधिक समय से गतिरोध बना हुआ है। दोनों पक्षों ने व्यापक कूटनीतिक और सैन्य वार्ता के बाद कई इलाकों से सैनिकों को वापस भी बुलाया है।

जयशंकर ने कहा, ‘‘ऐसा कहा गया था कि हम कुछ नहीं कर पाएंगे, वार्ता सफल नहीं होगी, कोई प्रगति नहीं होगी, सैनिकों को नहीं हटाया जा सकता लेकिन पिछले तीन वर्ष में कुछ प्रमुख बिन्दुओं पर समाधान निकाला गया। पांच-छह इलाकों में काफी तनाव था। वहां प्रगति हुई है।’’

सीमा पर बुनियादी ढांचा विकसित करने की सरकार की प्राथमिकता पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि सशस्त्र बल अब तेजी से सैनिकों की तैनाती करने तथा चीनी सेना की गतिविधि का प्रभावी जवाब देने के लिए बेहतर स्थिति में हैं। उन्होंने कहा कि अगर आप पूछे कि 2014 के बाद भारतीय सेना और भारतीय वायु सेना किसी भी चीनी गतिविधि का बेहतर तरीके से जवाब देने में सक्षम है तो जवाब ‘हां, बिल्कुल है’, होगा।

विदेश मंत्री ने कहा कि सीमांत इलाकों में बुनियादी ढांचा तेजी से बढ़ाने पर सरकार द्वारा ध्यान केंद्रित किए जाने के कारण सीमावर्ती क्षेत्रों में सशस्त्र सेनाओं और असैन्य आबादी दोनों की समग्र गतिशीलता में जबरदस्त वृद्धि हुई है। उन्होंने कहा, ‘यह क्षमता साल-दर-साल बढ़ रही है।’ जयशंकर ने कहा कि उत्तरी सीमा पर बुनियादी ढांचा मजबूत करने से राष्ट्रीय सुरक्षा के समक्ष मौजूदा चुनौतियों के खिलाफ भारत की प्रतिक्रिया की राह तय होगी।

भाषा
नई दिल्ली


Post You May Like..!!

Latest News

Entertainment