अंतरराष्ट्रीय स्तर पर परमाणु परीक्षण पर प्रतिबंध लगाने के लिए संयुक्त राष्ट्र महासचिव ने इंडोनेशिया के 157वें देश के तौर पर सीटीबीटी पर हस्ताक्षर करने के बाद भारत सहित आठ देशों से इस पर हस्ताक्षर करने की अपील की.
भारत के अलावा चीन, उत्तर कोरिया, मिस्र, ईरान, इसाइल, पाकिस्तान और अमेरिका कुछ अन्य राष्ट्र हैं जो परमाणु क्षमता वाले 44 देशों के कोर समूह में शामिल हैं और जिन्होंने इस संधि पर हस्ताक्षर नहीं किया है.
सीटीबीटी को प्रभाव में लाने के लिए इन सभी 44 राष्ट्रों के दस्तखत जरूरी हैं और ये सभी परमाणु संपन्न या परमाणु कार्यक्रम में शामिल राष्ट्र हैं.
संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में इंडोनेशिया के विदेश मंत्री मार्टी नतालेगावा के साथ बैठक के बाद बान ने कहा कि इससे अन्य राष्ट्रों के सीटीबीटी में शामिल करने की प्रक्रि या को बल मिलेगा.
संयुक्त राष्ट्र की एक विज्ञप्ति में बताया गया है कि बैठक के दौरान बान ने इस बात पर बल दिया है कि इंडोनेशिया द्वारा सीटीबीटी का समर्थन जरूरी है क्योंकि वह एनेक्स 2 राष्ट्रों में शामिल है. इस समझौते को लागू करने के लिए इन देशों का समर्थन जरूरी है.